
तमिल सिनेमा की बहुप्रतीक्षित फिल्म “मधरासी” ने जब 5 सितंबर 2025 को सिनेमाघरों में दस्तक दी, तो दर्शकों के बीच मानो बिजली-सी दौड़ गई। निर्देशक ए.आर. मुरुगदॉस और अभिनेता सिवकार्तिकेयन की इस अनोखी जोड़ी ने एक ऐसा मनोवैज्ञानिक एक्शन थ्रिलर रचा, जिसने थिएटर में बैठे दर्शकों को हर मिनट कुर्सी से चिपकाए रखा। अब यही फिल्म एक नए पड़ाव की ओर बढ़ रही है—OTT प्लेटफ़ॉर्म पर रिलीज़। यह वह सफ़र है जहाँ पर्दे का जादू अब मोबाइल और टीवी स्क्रीन तक पहुँचने वाला है।
सिनेमाघरों का जुनून
रघु नामक किरदार, जो मानसिक असामान्यताओं से जूझते हुए भी हथियारों की तस्करी करने वाले माफिया के खिलाफ खड़ा होता है, दर्शकों को न सिर्फ रोमांचित करता है बल्कि सोचने पर भी मजबूर करता है। 168 मिनट लंबी इस फिल्म ने एक्शन, सस्पेंस और भावनाओं के बीच ऐसी डोर बुनी कि दर्शक तालियों और सीटियों से थिएटर गूँजा उठे।
थिएटर से निकलने वाले हर दर्शक के चेहरे पर एक ही सवाल था—अब यह फिल्म घर बैठे कब देख पाएँगे? और इसी सवाल का जवाब अब मिलने वाला है।

OTT पर धमाका
फिल्म मधरासी के डिजिटल अधिकार अमेज़न प्राइम वीडियो ने खरीदे हैं। यह फिल्म थिएटर के एक महीने बाद यानी 1 अक्टूबर 2025 को OTT पर रिलीज होगी। कुछ रिपोर्ट्स इसे 3 अक्टूबर भी मानती हैं, लेकिन इतना तय है कि अक्टूबर की शुरुआत में दर्शक इसे अपने घरों में देख सकेंगे।
यह फिल्म न सिर्फ तमिल में बल्कि हिंदी, तेलुगु, मलयालम और कन्नड़ डब संस्करणों में भी उपलब्ध होगी। यानी भाषा की दीवार तोड़े बिना हर दर्शक इस रोमांचक सफ़र का हिस्सा बन सकेगा।
पर्दे से स्क्रीन तक—एक अतिकाल
“मधरासी” का सफ़र केवल एक फिल्म का सफ़र नहीं है, बल्कि यह सिनेमा के बदलते स्वरूप का भी प्रतीक है। पहले यह कहानी बड़े पर्दे पर उतरी, जहाँ सैकड़ों आँखें अंधेरे हाल में एक साथ इसे देख रही थीं। वहाँ हर एक्शन सीन पर सीटी बजती थी, हर इमोशनल मोड़ पर सन्नाटा छा जाता था।

अब वही कहानी एक और यात्रा पर निकल पड़ी है—OTT की। यहाँ दर्शक अकेले या परिवार संग, घर की आरामदायक कुर्सी पर बैठकर इसे देखेंगे। यहाँ तालियाँ और सीटियाँ नहीं होंगी, लेकिन कहानी का असर वही होगा—दिल की धड़कनों में तेज़ी, आँखों में चमक और दिमाग में रहस्य की गुत्थी।
दर्शकों की उम्मीदें
OTT पर आने से “मधरासी” और भी व्यापक दर्शक वर्ग तक पहुँचेगी। जो लोग थिएटर नहीं जा पाए, वे अब इसे आसानी से देख सकेंगे। साथ ही, फिल्म के एक्शन और सस्पेंस दृश्यों को बार-बार देखने का विकल्प भी मिलेगा। यह OTT रिलीज़ फिल्म के लिए दूसरी पारी साबित हो सकती है, जो बॉक्स ऑफिस से कहीं आगे तक जाएगी।
मधरासी केवल एक तमिल फिल्म नहीं है, बल्कि यह आज के सिनेमा की बदलती तस्वीर का प्रतीक है। थिएटर से निकलकर जब यह फिल्म OTT पर पहुँचेगी, तो यह दिखाएगी कि असली जादू पर्दे का नहीं, कहानी का होता है। और अच्छी कहानियाँ हर प्लेटफ़ॉर्म पर अपना असर छोड़ जाती हैं। BY SHRUTI KUMARI